रनों का पीछा करने उतरी हैदराबाद की टीम के लिये कप्तान डेविड वॉर्नर और जॉनी बेयरस्टो ने शानदार शुरुआत करते हुए पहले विकेट के लिये 56 रनों की साझेदारी की। वहीं पंजाब के युवा स्पिन गेंदबाज रवि बिश्नोई ने डेविड वॉर्नर को आउट कर अपनी टीम को पहली सफलता दिलाई। वॉर्नर ने 20 गेंदों में 3 चौके, 2 छक्के की मदद से 35 रनों की पारी खेली। वहीं दूसरे छोर पर खड़े जॉनी बेयरस्टो को मुरुगन अश्विन ने 2 रन के बाद बोल्ड कर हैदराबाद को दूसरा झटका दिया।
वहीं मोहम्मद शमी ने अब्दुल समद को भी आउट कर हैदराबाद को तीसरा झटका दिया। यहां पर मनीष पांडे ने विजय शंकर के साथ पारी को संभाला और चौथे विकेट के लिये 33 रनों की साझेदारी की, जैसे ही लगा कि मैच एक बार फिर से पिछली बार की तरह इन दोनों खिलाड़ियों के दम पर हैदराबाद की ओर जा रहा है, तभी क्रिस जॉर्डन ने मनीष पांडे को आउट कर पंजाब की मैच में वापसी करा दी।
पंजाब के लिये सबस्टीट्यूट फील्डर के तौर पर आये जगदीश सुचित ने बाउंड्री लाइन पर जबरदस्त कैच पकड़ा। मनीष पांडे ने 29 गेंद में 15 रनों की पारी खेली। वहीं अगले ओवर में अर्शदीप सिंह ने विजय शंकर (26) को आउट कर हैदराबाद को एक और झटका दिया। वहीं क्रिस जॉर्डन ने 19वें ओवर में 2 गेंदों पर 2 विकेट (जेसन होल्डर और राशिद खान) का विकेट हासिल कर हैदराबाद को पूरी तरह से बैकफुट पर धकेल दिया।हैदराबाद की टीम को आखिरी ओवर में जीत के लिये 14 रनों की दरकार थी। अर्शदीप सिंह ने शानदार गेंदबाजी की और अपने ओवर की दूसरी गेंद पर संदीप शर्मा का विकेट लेकर हैदराबाद का 8वां विकेट हासिल किया। वहीं अगली ही गेंद पर उन्होंने प्रियम गर्ग को कैच आउट कर के वापस पवेलियन भेज दिया। वहीं चौथी गेंद पर खलील रन आउट हुए और हैदराबाद की पूरी टीम 114 रन पर ऑल आउट हो गई।
अर्शदीप ने आखिरी ओवर में सिर्फ 1 रन दिया और 2 विकेट हासिल कर अपनी टीम को 12 रनों से जीत दिलाई। पंजाब की टीम ने इसके साथ ही अपनी जीत की लय को बरकरार रखा और मैच को 8 रनों से जीत लिया। इस जीत के साथ ही पंजाब की टीम ने आईपीएल के इतिहास में अपने दूसरे न्यूनतम स्कोर का बचाव करने में कामयाब रही।
