अम्बेडकर नगर : जिले में संवेदनशील स्थानो में शुमार अकबरपुर हवाई पट्टी की सुरक्षा को लेकर जिला प्रशासन संवेदनहीन बना हुआ है । इस हवाई पट्टी पर आपात स्थिति में विमान उतारे जाने की व्यवस्था है । साथ ही परिसर के अंदर वीवीआइपी गेस्ट हाउस बना हुआ है जिसमें समय-समय पर अति विशिष्ट लोग रुकते रहते हैं।
मुख्य मार्ग से सटे गेट को बंद करने के बाद अधिकारी पूरी तरह से अति विशिष्ट व्यक्ति को सुरक्षित मान बैठते हैं जबकि हकीकत यह है कि वह हर पल खतरे के साए में रहता है। कारण साफ है कि हवाई पट्टी की सुरक्षा के लिए बनाई गई चारदीवारी को स्थानीय लोगों ने दर्जनों स्थानों पर तोड़ डाला है। इसी रास्ते से लोगों का आवागमन होते देखा जा सकता है। शाम होते ही हवाई पट्टी पर भारी संख्या में लोगों का जमावड़ा हो जाता है। हवाई पट्टी की उत्तरी व दक्षिणी दीवारों को दोनों तरफ से कई स्थानों पर तोड़कर रास्ते बना दिए गए हैं जिससे होकर लोग पैदल अथवा साइकिल से बराबर आते जाते देखे जा सकते हैं। ऐसी स्थिति में हवाई पट्टी पर बने गेस्ट हाउस में विशिष्ट व्यक्तियों के रुकने पर बाहरी लोगों का प्रवेश परिसर के अंदर आसानी से संभव हो सकता है। इन परिस्थितियों में ऐसे व्यक्तियों की सुरक्षा कैसे महफूज रह सकेगी ,यह गंभीर प्रश्न है। देखना यह है कि जिला प्रशासन अथवा नागरिक उड्डयन विभाग हवाई पट्टी की सुरक्षा के प्रति कब गंभीर और कठोर कदम उठाता है।
